महाकालेश्वर मंदिर -
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| MAHAKALESHWAR |
जय श्री महाकाल दोस्तों , महाकलेवर मंदिर के बारे में कौन नहीं जनता ये एक हिन्दू मंदिर है जो भगवान शिव के महाकाल रूप को समर्पित है। ये मंदिर भारत देश के मध्यप्रदेश राज्य के उज्जैन में इस्थित है। इस मंदिर के पास में शिप्रा नदी बहती है। जो भी श्रद्धालु महाकाल मंदिर को दरसन करने जाता है ओ शिप्रा नदी में स्नान करता है। स्नान करने के बाद महाकालेश्वर भगवान का दरसन करने के लिए जाते है। महाकालेश्वर मंदिर में भगतो की बहुत भीड़ इकठा होती है। वंहा पर हिंदुस्तान में कोने कोने से लोग आते हैं। यंहा पर आने से लोगो की मनोकामना पूरा होता है।
महाकाल मंदिर में प्रवेश करने के कई रस्ते है पर श्रद्धालुओ की सुरक्छा के लिए भक्तो को एक लाइन में होकर मंदिर में प्रवेश कराया जाता है। यंहा पर हमेसा ही भीड़ होती है इस लिए मंदिर में एक कतार का नियम है। मंदिर के बहार प्रसाद मिल जाते है। हम जंहा प्रसाद लेते है वंही पर अपना सामान और जूते चपल भी रख सकते हैं और उसके बाद हमें मंदिर में प्रवेश करना पड़ेगा।
बहार से आये श्रद्धालुओं को रहने और खाने की बहुत सारी सुबिधाये है। महाकालेश्वर मंदिर उज्जैन सहर के बिच में स्थित होने के कारन यंहा बहुत सारी होटल और खाने पिने की दुकाने मिल जाती है महाकालेश्वर मंदिर से उज्जैन रेलवेस्टेशन 2 किलोमीटर की दुरी पर है। इस्टेशन से मंदिर जाने के लिए ऑटोरिक्सा या 'इ रिक्सा' जैसे बहुत से साधन मिल जाते है। दोस्तों यंहा पर VIP दरसन के लिए 1500 रूपए फिश लगता है।
महाकाल मंदिर के दिव्या दरसन -
महाकालेश्वर भगवान की मूर्ति दक्छिन दिशा में होने के कारन दक्छिणमूर्ति कहा जाता है। महाकालेश्वर मंदिर 12 ज्योतिर्लिंग में से एक है। इस मंदिर के गर्वगृह के ऊपर भगवान ओम्कालेस्वर की तस्वीर है और मंदिर के गर्वगृह के पश्चिम में गणेश जी , उत्तर में पारबती जी और पूर्व में कार्तिके जी बिराजमान है। मंदिर के दक्छिन में नंदी महाराज जी की मूर्ति है और मंदिर की तीसरी मंजिल पर नागचन्द्रेश्वर की मूर्ति है जो नागपंचमी के दिन दरसन होता है। महाशिवरात्रि के दिन यंहा पर बिसाल मेला लगता है और पूरी रत पूजा होती है।
उज्जैन में रात में कोई राजा क्यों नहीं रुकते है (UJJAIN ME RAT KO KOI RAJA KYON NAHI RUKATE HAI -
दोस्तों आपको बतादे की उज्जैन सहर में कोई भी राजा पूरी रात्रि को रुकता नहीं है , पुराणों के अनुसार मने तो उज्जैन का राजा सिर्फ महाकाल बाबा हैं। यदि कोई भी राजा या मंत्री यंहा रात्रि को रुकता है तो उसकी सजा उसे भुगतनी पड़ती है।
दोस्तों महाकालेश्वर मंदिर में आने और महाकाल के दरसन के बाद अपने मन को बहुत सन्ति और सुख मिलती है।ऐसा लगता है जैसे सक्छात भगवान शिव का दरसन हो रहा है। आप इस आर्टिकल को पढ़ने के बाद कमेंट में जय श्री महाकाल लिखे और यदि इस आर्टिकल से कुछ भी हेल्प या जानकारी मिली हो तो भी आप जय श्री महाकाल लिखे ,... जय श्री महाकाल ( JAY SHREE MAHAKAL)


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